नोटरी संशोधन विधेयक में वकील 65 वर्ष तक ही कर सकेंगे नोटरी कार्य
जगदलपुर। नोटरी संशोधन विधेयक 2021 के मुताबिक नोटरी बनने की अधिकतम उम्र 65 वर्ष कर दिया गया है। नोटरी अधिनियम 1952 और 1956 में संशोधन 2021 प्रस्तावित है, जिसमें नोटरी बनने की अर्हता, अवधि आदि को लेकर संशोधन की मंजूरी के लिए राष्ट्रपति के पास भेजा गया है। नोटरी संशोधन विधेयक को लेकर स्थानीय नोटरियों ने अपना एतराज जताने ज्ञापन राष्ट्रपति को भेजा है।
जिला नोटरी संघ के वकील आनंद मोहन मिश्रा ने बताया कि भेजे गए ज्ञापन में कहा गया गया है कि तीन टर्म के लिए नोटरी कार्य की अनुमति देना यानि मात्र 15 सालों के लिए नोटरी कार्य करने सीमा बांधना ठीक नहीं है, क्योंकि सालों तक नोटरी कार्य करते रहने से वकील वकालत की मुख्य धारा से अलग-थलग पड़ जाता है, जिससे उसके भविष्य का क्या होगा।
कुछ वकीलों का कहना है कि जब कोई जनप्रतिनिधि एक बार चुनाव लड़कर जीवन भर सरकारी सेवा-सुविधा यहां तक कि पेंशन का भी हकदार हो जाता है तो विधिक रूप से सक्षम लोगों के साथ यह अन्याय क्यों? अधिवक्ता नोटरी एसएन दास, अर्जुननाग, सीएस दास दिनेशचंद्र जोशी, केके सिंह आदि ने राष्ट्रपति से आग्रह किया है कि संशोधन पर मुहर लगाने से पहले नोटरी काम की हकीकत और अहमयित के बीच वकीलों का अहित न हो जाए।